शुक्रवार, 3 दिसंबर 2010

फिकर नॉट ! अब आप रहोगे ' जवान ' हमेशा-हमेशा... पर, बच के रहना इस बंदूक से...

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मेरे ' चिर-यौवन-आकाँक्षी' मित्रों,

एक बड़ी अच्छी खबर है...

देखिये यहाँ पर...

संभावना व्यक्त की गई है कि अगले दस सालो में ऐसी दवा खोजी जा सकती है जो Aging यानी काल प्रभाव या कालिक क्षय को रोक ही नहीं बल्कि रिवर्स भी कर सके...

अब देखिये कितनी तेजी से आगे बढ़ रहा है विज्ञान... क्लोनिंग, स्टैम सैल रिसर्च से खुलती अपार संभावनायें, ऑर्गन हार्वेस्टिंग, टिशू कल्चर, प्रयोगशाला में अंगों का कल्चर, एंटी एजिंग रिसर्च, जीन मैपिंग, जेनेटिक इंजीनियरिंग एक तरफ दूसरी तरफ यह संभावना भी कि शीघ्र ही मानव मस्तिष्क की समस्त Information ( Experiences,Reflexes, learning & Behaviour patterns ) को नैनो चिप्स में स्टोर व ट्रांसफर किया जा सकेगा... यानी साफ-साफ संकेत हैं कि अमरत्व अब दूर नहीं...

आंखें बंद कर सोचिये कि किस तरह का होगा मानव समाज आज से १५०-२०० साल बाद का... और उस समय जीवन-मृत्यु, आत्मा-परमात्मा जैसी धारणाओं का क्या होगा ?

सोचा क्या ?

अब इसी समय एक खबर... यह भी है ..XM 25... नाम की राइफल या यों कहें कि Weapon System के बारे में...

किसी भी युद्ध में होता क्या है कि योद्धा किसी पेड़, दीवार, मिट्टी का टीला, चट्टान या सैंड-बैग के पीछे आड़ (Cover) लेता है और थोड़ी सी देर के लिये अपना सिर उठाता व विरोधी पर फायर करता है... यह राइफल सामान्य लड़ाई में आड़ (Cover) लेने को एकदम बेमानी कर देगी... यानी इसको चलाने वाला अपने विरोधी को हर आड़ के पीछे मार सकता है... यानी हो गई अब अफगानिस्तान में अमेरिका विरोधी तालिबानियों की छुट्टी...

परंतु इतना खुश न होईये...

सोचिये यह हथियार अगर आतंकवादियों के पास आ गया या पाकिस्तान जैसा कोई मुल्क जो आतंकवाद को समर्थन अपनी State Policy के तहत देता है... उसने २६/११ की तरह चालीस-पचास जेहादी इस हथियार के साथ भेज दिये किसी महानगर में... Spine Chilling होगा वह नजारा!

मैं तो आज दिन भर यही सोचूंगा कि मानव जाति पहले क्या पायेगी, कहाँ पहुंचेगी ?

अमरत्व तक,

या

महाविनाश के आगोश में!



आप भी सोचिये, न...






आभार!




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आजकल छोटी बिटिया के कारण समय नहीं मिलता बिल्कुल, जितना समय मैं घर पर होता हूँ उसकी चाह यही होती है कि मेरी गोद में ही रहे... बहुत मुश्किल से २५-३० मिनट निकाल पाया इस पोस्ट के लिये... हो सकता है कि बाद में इसमें कुछ और जोड़ूं...


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15 टिप्‍पणियां:

  1. एक हॉलीवुड फिल्म देखी थी एक आदमी की पत्नी और प्रेमिका दोनों अमरत्व का दवा पी लेती है फिर बाद में चाहती है की वो आदमी भी पी ले ताकि वो उनके साथ जीता रहे जब आदमी के हाथ में दवा आती है तो वो उसे फेक कर मरना पसंद कर्ता है :-))))

    दोनों खबर डराने वाली है सोचा था की ५० -६० साल बाद ये भ्रष्ट मंत्री, बाबु अफसर ,पुलिस या तो बूढ़े हो कर रिटायर होंगे या भगावन को प्यारे होंगे इनसे छुटकारा मिलेगा नई पौध नया देश बनाएगी ये नहीं होंगे उन्हें कुछ गलत सिखाने के लिए | पर लगता है की ये दवा आने के बात तो ये ना टायर होंगे ना रिटायर ना भगवान को प्यारे अब इनको फिर कौन झेलेगा हम तो इस दवा से दूर ही रहना पसंद करेंगे |

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  2. और दस वर्ष में ही सारी मानवता का राम नाम सत्य हो जाय तो .....

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  3. स्थिति भयावह भी है...और रोचक भी...कल्पना ही की जा सकती है....जो कब सच में बदल जाए..पता नहीं

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  4. जल्दी ढूढ़िये दवा, कहीं बुढ़ापा उसके पहले न आ जाये।

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  5. फिलहाल तो आपकी पोस्‍ट से ही उबरने में समय लग रहा है.

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  6. महाविनाश कोई बहुत अधिक दूर नहीं है....

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    @ anshumala जी,

    आप भले ही इस दवा से दूर रहें पर मैंने तो अभी इस दुनिया में देखा ही क्या है... मैं तो इंतजार में हूँ... :)

    @ Arvind Mishra जी,

    शुभ-शुभ बोलें देव !

    @ rashmi ravija जी,

    स्थिति कैसी भी हो... पर यह सब होकर रहेगा ही... एक दिन...


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    @ प्रवीण पाण्डेय जी,

    अब यह ढूंढना तो अपने बस का नहीं... पर लाईन में तो हम खड़े ही हैं... आपसे एक स्थान आगे... :)

    @ ज्ञानदत्त पाण्डेय Gyandutt Pandey जी,

    सर जी... आपने पढ़ा नहीं कि Aging को रोका ही नहीं Reverse भी किया जा सकेगा... बस दस साल और...


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    @ Rahul Singh जी,

    कोई बात नहीं जब गोली आपको दी जायेगी तो पोस्ट से उबरने के समय का ध्यान रखते हुऐ डोज दी जायेगी... ;)



    @ पं.डी.के.शर्मा"वत्स" जी,

    आप भी शुभ-शुभ ही बोलिये देव... और हाँ क्षमाप्रार्थी भी हूँ आपसे... स्नेह बनाये रखियेगा...

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  10. एक और अंतर्विरोध ! दुनिया अंतर्विरोधों से पिंड नहीं छुडा सकी कभी भी !

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  11. अब पता चला, ये उस्‍ताद नाम की चीज क्‍या है ??

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  12. Praveen ji
    Aap ne kaha kariye so maine bhi kar diya lekin apne style me. Mera style kya hai iske liye dekhiye--

    http://rajubindas.blogspot.com/2010/12/blog-post.html

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  13. मित्र प्रवीण,

    अब क्या कहा जाये इस बारे में ... एक बात तो माननी ही पड़ेगी ..... आपने दोनों ख़बरों को बहुत सही जोड़ा है एक ही पोस्ट में , आज अपने नए साइंटिफिक लेख की सूचना देने आया था .. ये लेख पढ़ा .. अच्छा लगा .. अब तो पुनर्जन्म लेने में भी डर लगेगा इस दुनिया में :))

    scientific evidence of reincarnation

    http://my2010ideas.blogspot.com/2010/12/scientific-evidence-reincarnation.html


    आपके विचारों का इन्तजार रहेगा

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  14. हाँ ....लेख में वैज्ञानिकता की कुछ कमी रह गयी :)
    एक ही विदेशी विद्वान के दावों पर पूरा लेख टिक गया था , सोचा ही नहीं की कोई गड़बड़ होने की स्थिति में लेख के विज्ञान तत्व का क्या होगा ?:)

    .. खैर..... आपकी टिप्पणी का आभारी हूँ , समय मिलते ही इस बारे में फिर से वैज्ञानिक लेख बनाया जाएगा :))) मुझे ख़ुशी है की आप जैसे मित्र हमेशा साथ हैं

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